संयुक्त राज्य अमेरिका ने घोषणा की है कि वह यूरोपीय संघ से आयातित कारों पर मौजूदा 15% टैरिफ को 25% तक बढ़ा देगा। यह कदम पिछले साल किए गए ट्रेड समझौते में यूरोपीय देशों द्वारा तय सीमा का पालन न करने के कारण उठाया गया है। अमेरिकी वाणिज्य विभाग के बयान के अनुसार, यूरोपीय कार निर्माताओं ने संयुक्त राज्य के बाजार में प्रतिस्पर्धी स्तर बनाए रखने के लिये आवश्यक कोटा पूरी नहीं की।

वृद्ध टैरिफ का सबसे बड़ा प्रभाव लग्ज़री वाहन वर्ग पर पड़ेगा, क्योंकि अमेरिकी उपभोक्ताओं में यूरोपीय ब्रांडों की लोकप्रियता अधिक है। उद्योग विशेषज्ञों का अनुमान है कि अतिरिक्त 10% कर से इन कारों की खुदरा कीमत में लगभग $5,000 से $8,000 की बढ़ोतरी होगी, जिससे बिक्री में कमी आ सकती है। इससे अमेरिकी ऑटो मार्केट में घरेलू निर्माताओं को संभावित लाभ मिलेगा, जबकि यूरोपीय निर्माताओं को अपने निर्यात रणनीतियों को पुनः मूल्यांकन करना पड़ेगा।

दूसरी ओर, यूरोपीय संघ ने इस निर्णय पर आपत्ति जताते हुए कहा है कि यह अंतरराष्ट्रीय व्यापार नियमों के विरुद्ध है और वह वार्ता के माध्यम से समाधान खोजने का आग्रह कर रहा है। टैरिफ बढ़ाने की प्रक्रिया में अब भी कांग्रेस की स्वीकृति आवश्यक होगी, इसलिए इस नीति के अंतिम रूप में कुछ समय लग सकता है।