गुजरात का प्रसिद्ध रण उत्सव इस नवंबर से फिर आयोजित किया जाएगा। यह उत्सव कच्छ के सफेद रण को सांस्कृतिक केंद्र में बदल देगा। चार महीने तक चलने वाले इस आयोजन में कला, संस्कृति और रेगिस्तानी अनुभव देखने को मिलेंगे। पर्यटक यहां पारंपरिक संगीत, नृत्य और स्थानीय हस्तशिल्प का आनंद ले सकेंगे। इस उत्सव में कच्छ की समृद्ध कलात्मक विरासत को प्रमुखता दी जाती है। स्थानीय कारीगर अपने अनोखे शिल्प और परंपरागत उत्पादों का प्रदर्शन करते हैं। आयोजन के दौरान क्षेत्र के अनोखे रेगिस्तानी पारिस्थितिकी तंत्र को भी उजागर किया जाता है। धोलावीरा में स्थित प्राचीन सिंधु घाटी सभ्यता की विरासत भी आकर्षण का केंद्र रहेगी। रण उत्सव भारत के प्रमुख मौसमी पर्यटन आयोजनों में शामिल है। यह आयोजन पर्यटकों को संस्कृति, प्रकृति और इतिहास का अनोखा अनुभव प्रदान करता है। Source: Source Post navigation विश्व ब्रेन दिवस: छत्तीसगढ़ के हर 10 में से 3 युवा ब्रेन संबंधी समस्याओं से जूझ रहे, डॉक्टरों ने बताई बड़ी वजह