ट्रू कॉलर को अब अपनी तेज़ बढ़त के बाद ठहराव का सामना करना पड़ रहा है। भारत में बड़ी यूज़र बुनियादी सुविधाओं के बावजूद, अब कंपनी को विकास की गति में मंदी दिख रही है। इस दबाव को दूर करने के लिए, ट्रू कॉलर ने राजस्व स्रोतों को विविध बनाने की रणनीति अपनाई है। अब वे प्रीमियम सब्सक्रिप्शन, व्यापारिक ग्राहकों के लिए विशेष सेवाओं और नई इन‑ऐप सुविधाओं पर अधिक निर्भर हो रहे हैं। इन कदमों से कंपनी न केवल मौजूदा उपयोगकर्ताओं को बनाए रखना चाहती है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी पहचान बनाना चाहती है। प्रतिस्पर्धा तीव्र है, पर वैकल्पिक आय स्रोतों पर ध्यान केंद्रित करके ट्रू कॉलर का लक्ष्य स्थायी गति को पुनः हासिल करना और भारत के बाहर अपनी पकड़ मजबूत करना है। Post navigation सीजी मॉर्निंग न्यूज: CM विष्णु देव साय का शिवरीनारायण दौरा, रायपुर निगम की विशेष सभा और NSUI की भूख हड़ताल बॉर्दो ने बाथ को चैंपियंस कप अर्ध-फ़ाइनल में हराकर इतिहास रचा