पीलीभीत जिले में पिछले कुछ वर्षों के दौरान विकास कार्यों में उल्लेखनीय तेजी देखने को मिली है। वर्ष 2017 से पहले विकास की कई परियोजनाएं अपेक्षित गति से आगे नहीं बढ़ पा रही थीं। इसके बाद बुनियादी ढांचे और सार्वजनिक निवेश पर विशेष जोर दिया गया। सड़क, परिवहन, बिजली आपूर्ति और ठोस कचरा प्रबंधन जैसी सुविधाओं में सुधार किया गया। इन प्रयासों से जिले की आर्थिक गतिविधियों को नई गति मिली। जिले का सकल जिला घरेलू उत्पाद (GDDP) 24 हजार करोड़ रुपये से अधिक पहुंच गया। प्रति व्यक्ति आय में भी उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई। कृषि, लघु उद्योग और स्थानीय व्यवसायों को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न योजनाएं लागू की गईं। स्वास्थ्य, शिक्षा और इको-टूरिज्म के क्षेत्र में भी विकास कार्यों का विस्तार किया गया। इन पहलों का उद्देश्य जिले को आर्थिक और सामाजिक रूप से अधिक सशक्त बनाना रहा है। Source: Source Post navigation जालंधर में NEET पेपर लीक और छात्रों पर लाठीचार्ज के विरोध में ‘न्याय सत्याग्रह’, 12 घंटे की भूख हड़ताल शुरू मैहर में दर्दनाक हादसा टला, स्कूल से लौट रहा छात्र बारिश के पानी में बहा; ग्रामीणों ने बचाई जान