पटना में मुख्यमंत्री सम्राठ चौधरी ने 19 मई से बिहार में ‘सहयोग शिविर’ की शुरूआत की घोषणा की। इस पहल के तहत धरती, पेंशन, राशन, बैंक, स्वास्थ्य और शिक्षा से जुड़ी सभी सार्वजनिक शिकायतों का ऑन‑स्पॉट निपटारा होगा। राज्य के सभी 38 जिलों में 250 से अधिक काउंटी स्तर पर शिविर लगाए जाएंगे, जहाँ नागरिक सीधे अधिकारियों से मिलकर अपनी समस्याओं को उठा सकेंगे। एक डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म के माध्यम से रजिस्ट्रेशन, ऑनलाइन ट्रैकिंग और तुरंत समाधान सुनिश्चित किया जाएगा। विशेष रूप से जमीन विवाद, टॉयलेट, बिजली कटौती और पेंशन के मामलों में तेज़ी लाने के लिये अनुभवी अधिकारी टीमों को नियुक्त किया गया है। यह पहल सामाजिक न्याय को सुदृढ़ करने, प्रशासनिक पारदर्शिता बढ़ाने और जन-सेवा में विश्वास बहाल करने का लक्ष्य रखती है। बिहार के नागरिक अब बेधड़क अपनी आवाज़ उठा सकते हैं और अपने अधिकारों को तुरंत प्राप्त कर सकते हैं।