भारतीय मूल के NASA अंतरिक्ष यात्री अनिल मेनन 49 वर्ष की उम्र में अपना पहला अंतरिक्ष मिशन शुरू करने जा रहे हैं। उन्होंने वर्षों तक अन्य अंतरिक्ष यात्रियों की तैयारी में मदद की है। अब उन्हें खुद अंतरिक्ष में जाने का अवसर मिला है। 14 जुलाई को अनिल मेनन अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) के लिए अपने मिशन की शुरुआत करेंगे। वह मिशन के दौरान महत्वपूर्ण वैज्ञानिक शोध का नेतृत्व करेंगे। इन अध्ययनों का उद्देश्य भविष्य में इंसानों के मंगल ग्रह तक पहुंचने में मदद करना है। अनिल मेनन पहले NASA में अंतरिक्ष यात्रियों के लिए चिकित्सा विशेषज्ञ के रूप में काम कर चुके हैं। उनके अनुभव में अंतरिक्ष चिकित्सा और मानव स्वास्थ्य से जुड़े कई क्षेत्र शामिल हैं। उनका यह मिशन विज्ञान और अंतरिक्ष अनुसंधान के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। भारतीय मूल के होने के कारण उनकी उपलब्धि को खास पहचान मिल रही है। यह यात्रा उनके लंबे करियर और अंतरिक्ष क्षेत्र में योगदान का महत्वपूर्ण पड़ाव होगी। Source: Source Post navigation चीन ने रॉकेट रिकवरी सिस्टम का किया सफल परीक्षण, अंतरिक्ष तकनीक में नई उपलब्धि हासिल हवाई के स्पिनर डॉल्फिन की घट रही संख्या, पर्यटन गतिविधियों से प्रजनन पर पड़ रहा असर