उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव समय से पहले होने की चर्चाएं तेज हो गई हैं। जनगणना के कार्यक्रम के अनुसार फरवरी-मार्च 2027 में जनगणना होगी, जब चुनाव आयोजित होने का पारंपरिक समय होता है। जनगणना और चुनाव एक साथ कराना संभव नहीं है, इसलिए सरकार 2026 के अंत में चुनाव करा सकती है। इस संभावना से सपा सतर्क हो गई है और उसने चुनावी तैयारियां तेज कर दी हैं। वहीं भाजपा भी सभी संगठनात्मक स्तरों पर मोर्चा संभाल रही है। राजनीतिक दलों ने अपने प्रत्याशी चयन और जनसंपर्क अभियानों पर फोकस बढ़ा दिया है। चुनाव आयोग ने अभी इस पर कोई स्पष्ट निर्देश जारी नहीं किया है। विपक्ष आरोप लगा रहा है कि सरकार प्रशासनिक कारणों का हवाला देकर चुनाव आगे करवाना चाहती है। हालांकि, शासन का कहना है कि वह सिर्फ संभावनाओं की आशंका में तैयारी कर रहा है। Source: Source Post navigation पंजाब निकाय चुनाव: मेयर से लेकर प्रधान तक के नाम CM भगवंत मान तय करेंगे, AAP कोर कमेटी का फैसला रोहतक: INLD विधायक अर्जुन चौटाला का डीसी को अल्टीमेटम – जल्दी ज्ञापन लेने आओ, वरना कूदते भागते आओगे