राजनांदगांव जिले की 43 नई सहकारी समितियों में ई-पॉश मशीन और तकनीकी व्यवस्था में देरी के कारण खाद भंडारण प्रभावित हुआ है। आइडी और पासवर्ड जनरेट होने में समय लगने से किसानों को खाद वितरण शुरू होने में इंतजार करना पड़ा। खरीफ सीजन की तैयारी कर रहे किसान कई दिनों से नई समितियों के चक्कर काट रहे थे। पुरानी समितियों में मई की शुरुआत से खाद का उठाव शुरू हो चुका था, लेकिन नई समितियों में प्रक्रिया देर से शुरू हुई। अब भंडारण और खाद वितरण शुरू होने से किसानों को राहत मिलने लगी है। सहकारिता विभाग ने किसानों की सुविधा के लिए जिले में 43 नई समितियों का गठन किया था। इसका उद्देश्य किसानों को खाद, बीज और कृषि ऋण के लिए दूर-दराज नहीं जाना पड़े। कई गांवों के किसानों को अब नजदीकी समितियों से जोड़ा गया है। अधिकारियों के अनुसार प्रदेशभर की नई समितियों में तकनीकी प्रक्रियाओं में देरी होने से यह समस्या आई। जिला सहकारी केंद्रीय बैंक और कृषि विभाग ने बताया कि अब ई-पॉश मशीन उपलब्ध कराई जा रही हैं। वर्तमान में खाद का भंडारण और वितरण दोनों शुरू हो चुके हैं। किसानों को उनके रकबे के अनुसार खाद उपलब्ध कराया जाएगा। प्रशासन ने जल्द व्यवस्था पूरी तरह सामान्य होने का भरोसा दिया है। Source: Source Post navigation बिहार कैबिनेट की अहम बैठक आज शाम: सम्राट चौधरी करेंगे बड़े फैसलों की घोषणा, सरकारी नौकरियों पर खास फोकस छत्तीसगढ़ कैबिनेट का अहम फैसला: कर्मचारी चयन मंडल अब सामान्य प्रशासन विभाग के अधीन होगा, नियमों में संशोधन की तैयारी