सिरसा रोडवेज डिपो की एसी बस में बिना टिकट यात्री मिलने पर कंडक्टर और फ्लाइंग टीम के बीच विवाद हो गया। बस 13 अगस्त को सिरसा से दिल्ली जा रही थी। अग्रोहा टोल के पास हिसार की फ्लाइंग टीम ने बस को चेकिंग के लिए रोका। जांच के दौरान बप्पां गांव की एक सवारी बिना टिकट यात्रा करते मिली। यात्री ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए कंडक्टर को निर्दोष बताया। इसके बावजूद फ्लाइंग टीम ने यात्री का जुर्माना करने के बजाय कंडक्टर की 85 रुपये की रिपोर्ट बना दी। कंडक्टर सतबीर सिंह ने आरोप लगाया कि उसके खिलाफ द्वेष की भावना से कार्रवाई की गई है। उसका कहना है कि उसने बस में दो बार चक्कर लगाकर यात्रियों से टिकट लेने की अपील की थी। घटना का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें कंडक्टर और फ्लाइंग टीम के बीच बहस दिखाई दे रही है। यात्रियों ने भी फ्लाइंग टीम के व्यवहार पर सवाल उठाए हैं। कंडक्टर ने दावा किया कि पहले भी इसी टीम ने उसके खिलाफ रिपोर्ट बनाई थी। वहीं फ्लाइंग टीम का कहना है कि एसी बस में किसी भी तरह का पास मान्य नहीं है और हर यात्री का टिकट होना जरूरी है। टीम के मुताबिक बिना टिकट यात्री मिलने पर कंडक्टर की जिम्मेदारी बनती है। मामले को लेकर दोनों पक्षों के अलग-अलग दावे सामने आए हैं। Source: Source Post navigation महाराष्ट्र में ड्राइवरों के लिए मराठी अनिवार्य करने पर विवाद, सजा की जगह प्रशिक्षण की मांग चंबा में ब्रेक फेल होने से पहाड़ी से टकराई वैन, 2 गंभीर घायल; 9 लोग थे सवार