25 अप्रैल को भारतीय इतिहास में कई महत्वपूर्ण मोड़ आए। 1972 में भारत में टेलीविजन का रंगीन युग आरंभ हुआ, जब पहली रंगीन प्रसारण ने दर्शकों को नई दृश्यों से रूबरू कराया। वही दिन शास्त्रीय संगीत के महान उस्ताद बड़े गुलाम अली ख़ां का भी निधन हुआ, जिन्होंने अपनी आवाज़ से सादे नागपुर से दुनिया भर में भारतीय शास्त्रीय ध्वनि को महिमामंडित किया। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 25 अप्रैल को ‘वर्ल्ड मलैरिया डे’ के रूप में मनाया जाता है, जिससे मलेरिया रोकथाम के लिए जागरूकता बढ़े। ऑस्ट्रेलिया‑न्यूज़ीलैंड के लिए यह ‘एनज़ैक डे’ है, जो प्रथम विश्व युद्ध में उनकी वीरता को स्मरण करता है। इन विविध घटनाओं ने 25 अप्रैल को इतिहास के पन्नों में विशेष स्थान दिलाया, जहाँ संस्कृति, विज्ञान और राष्ट्रीय गौरव का संगम मिला। Post navigation 25 अप्रैल 2026 पञ्चांग: बैशाख शुक्ल नवमी – शुभ‑अशुभ समय की पूरी जानकारी 25 अप्रैल महाकाल भस्म आरती: ड्राइफ़्रूट और आभूषणों से सजा बाबा महाकाल का दिव्य श्रृंगार, दर्शन का पक्का तरीका