कानपुर में एक जवान की मां का हाथ अस्पताल की लापरवाही से कट गया था। इसके बाद 36 घंटे के अंदर मेडिकल रिपोर्ट बदल दी गई। डॉक्टरों के पैनल ने माना कि समय पर विशेषज्ञ की सलाह मिलती तो हाथ बचाया जा सकता था। इस मामले में इंसाफ के लिए 50 सशस्त्र जवानों ने कमिश्नर दफ्तर का घेराव किया। पुलिस कमिश्नर ने ITBP कमांडेंट के आचरण पर डीजी को पत्र लिखकर जांच की मांग की है। जवान की मां के हाथ काटने की घटना ने सबको हिला दिया है। कमिश्नर ने मामले की जांच के लिए कड़े कदम उठाने का फैसला किया है। यह मामला पुलिस और अस्पताल प्रशासन की लापरवाही को उजागर करता है। जवानों ने न्याय की मांग की है और कमिश्नर ने उनकी मांग पर गौर करने का आश्वासन दिया है। : Source Post navigation कानपुर में ITBP कमांडेंट पर गिरी गाज बिहार में पुल को खतरा