हरियाणा सरकार ने दिव्यांगजन के लिए एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए राज्य की सार्वजनिक बसों, मीट्रो, एटीएम जैसे सभी रोडवेज पर 40%‑99% प्रमाणित विकलांगता वाले यात्रियों को पूरी तरह मुफ्त यात्रा का अधिकार दे दिया है। इस फैसले से पहले केवल 40% से कम विकलांगता वाले लोग ही कुछ सहूलियतें हासिल कर पाते थे, जबकि अब शारीरिक या मानसिक किसी भी प्रकार की विकलांगता वाले नागरिक अपनी पहचान प्रमाणित करके, बिना किसी टिकट के यात्रा कर सकते हैं। सरकार ने इस सुविधा को तुरन्त प्रभावी कर दिया है और सभी परिवहन कंपनियों को निर्देश दिया है कि वे प्रमाणपत्र प्रस्तुत करने पर टिकट की कीमत तुरंत रद्द कर दें। यह कदम न केवल आर्थिक बोझ को कम करेगा बल्कि विकलांग नागरिकों की सामाजिक भागीदारी और स्वतंत्रता को भी बढ़ावा देगा। योजना के सफल कार्यान्वयन पर मुख्यमंत्री ने कहा, “हरियाणा में हर नागरिक को समान अधिकार और सुविधा मिलनी चाहिए”। Post navigation ब्रूनो फर्नांडीस: ‘संघर्षशील’ मैनचेस्टर यूनाइटेड में क्यों रुके और अब तीसरे स्थान की उम्मीद नहीं मई‑जून में छत्तीसगढ़ में 1,285 पदों के लिए नगर निकाय एवं त्रिस्तरीय उपचुनाव, राज्य निर्वाचन आयुक्त ने की तैयारी बैठक