नवापारा सिंध पंचायत भवन में श्रीराम कथा के सातवें दिन भक्ति और श्रद्धा का वातावरण देखने को मिला। कथा वाचक पंडित नवल कृष्ण शास्त्री महाराज ने शबरी-रामकथा का मार्मिक वर्णन किया। उन्होंने शबरी की पूर्वजन्म कथा और प्रभु श्रीराम द्वारा शबरी के बेर ग्रहण करने की प्रसंगों को प्रस्तुत किया। कथा के दौरान राम-सीता की खोज, सुग्रीव और हनुमान से भेंट, बाली वध, सुंदरकांड में हनुमान की लंका यात्रा का वर्णन किया गया। आयोजकों ने अगले दिन हवन, हनुमान चालीसा पाठ और प्रसाद-भंडारे का आयोजन करने की जानकारी दी। कार्यक्रम में कई वक्ताओं ने आयोजन की सराहना की और पंडित नवल कृष्ण शास्त्री को भावभीनी श्रद्धा अर्पित की। श्रद्धालुओं का विशेष सम्मान किया गया और आयोजकों ने भविष्य में भी धार्मिक आयोजनों के लिए सहयोग बनाए रखने का आग्रह किया। Source: Source Post navigation Virat-Anushka को क्यों पसंद हैं ये आध्यात्मिक स्थल? बिस्तर पर खाना खाना क्यों माना जाता है अशुभ?