पाकिस्तान ने लाहौर की गलियों और सड़कों के नाम बदलने की घोषणा की थी. इससे खूब माहौल बनाया गया था. मरियम नवाज ने हिन्दू नामों की घोषणा की थी, लेकिन कट्टरपंथियों के दबाव में उन्हें पीछे हटना पड़ा. रहमान गली राम गली नहीं बनेगी और न ही बाबरी मस्जिद चौक जैन मंदिर रोड बनेगा. पाकिस्तान के इस फैसले से कई सवाल खड़े हो गए हैं. लोगों को यह समझ नहीं आ रहा है कि मरियम नवाज ने ऐसा क्यों किया. पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों के अधिकारों की लड़ाई जारी है. इस फैसले से अल्पसंख्यक समुदाय निराश हो गया है. पाकिस्तान सरकार को इसके लिए विपक्ष का सामना करना पड़ सकता है. Source: Source Post navigation इरान की सुरक्षा में आईआरजीसी का दबदबा ट्रंप की अब्राहम अकॉर्ड्स पर चुनौती