छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में निजी स्कूलों द्वारा अभिभावकों पर किताबें, यूनिफॉर्म और अन्य सामग्री एक ही निर्धारित दुकान से खरीदने का दबाव डालने की शिकायतों के बाद प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं। जिला शिक्षा विभाग ने मामले की जांच के लिए जिला और ब्लॉक स्तर पर विशेष समितियों का गठन किया है। अब ऐसी शिकायतों पर स्वतः संज्ञान लेकर कार्रवाई की जाएगी। जिला स्तरीय समिति में कलेक्टर अभिजीत सिंह, जिला शिक्षा अधिकारी और राज्य कर विभाग की अधिकारी शामिल हैं। वहीं विकासखंड स्तर पर भी अलग-अलग जांच दल बनाए गए हैं। शिक्षा विभाग के अनुसार ये टीमें फीस बढ़ोतरी और सामग्री बिक्री से जुड़ी शिकायतों की भी जांच करेंगी। पालकों की सुविधा के लिए हेल्प डेस्क शुरू किया गया है। अभिभावक जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय में शिकायत दर्ज करा सकते हैं। इसके लिए मोबाइल और व्हाट्सएप नंबर भी जारी किया गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि नियमों का उल्लंघन करने वाले स्कूलों पर कार्रवाई की जाएगी। इस फैसले से अभिभावकों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। Source: Source Post navigation नारायणपुर का जीएनएम प्रशिक्षण केंद्र बना युवाओं के लिए शिक्षा और रोजगार का मजबूत माध्यम छत्तीसगढ़: यूनिवर्सिटी का अनोखा फैसला, इंग्लिश पेपर में हिंदी लिखने वाले 248 छात्र भी पास