रायपुर के हाई कोर्ट ने उज्बेकिस्तान की दो युवतियों की अवैध प्रवास और उनकी हिरासत से जुड़े याचिका पर सुनवाई की। न्यायालय ने केंद्र और छत्तीसगढ़ सरकार दोनों को दो सप्ताह के भीतर लिखित जवाब देने का आदेश दिया। इस मामले में कहा गया कि विदेशी नागरिकों को भारत में गैरकानूनी रूप से रहने देना राष्ट्रीय सुरक्षा और आव्रजन नियमों के विरुद्ध है। सरकार से अनुरोध है कि वह तत्काल कार्रवाई कर इन युवतियों की वैधता की जाँच करे और आवश्यक कानूनी कदम उठाए। अदालत ने यह भी कहा कि यदि जवाब निर्धारित समय में नहीं लौटाया गया तो अदालत उचित आदेश जारी कर सकती है। Post navigation छत्तीसगढ़ परिवहन विभाग में 20 आरटीओ अधिकारियों का फिर से पदस्थापना, प्रशासन में कड़ी कसावट रायपुर के इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय में लगी तेज़ आग से 20 लाख का नुकसान, दमकल ने की त्वरित रक्षा