राष्ट्रपति राजस्थान के बुंदी जिले में 9 साल की एक बच्ची के खेत में काम करते समय आवारा कुत्तों के झुंड ने हमला किया, जिससे उसकी मौत हो गई। घटना के बाद स्थानीय पुलिस ने मामला दर्ज किया और क्षेत्रीय प्रशासन को सूचित किया। बुंदी के जिला अधिकारी ओम बिरला ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर तत्काल सहायता राशि प्रदान की तथा भविष्य में इसी तरह के हमलों को रोकने के निर्देश जारी किए। उन्होंने कुत्ते तालाबों की सफाई, आवारा कुत्तों के निवारण के लिए वैग्रेसन कार्यक्रम तेज करने और ग्रामीण इलाकों में पशु नियंत्रण उपायों को कड़ा करने का आव्हान किया। ग्रामीण जनता में इस घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया गया, साथ ही आवारा पशु प्रबंधन में कमी को लेकर सवाल उठे। विशेषज्ञों का कहना है कि हाउसहोल्ड कुत्ते या प्रशिक्षित पशु बचाव टीम की कमी, विशेषकर खेती वाले क्षेत्रों में, इस प्रकार की घटनाओं की संभावना को बढ़ा देती है। प्रशासन ने स्थानीय स्वयंसेवी संगठनों के साथ मिलकर एक आपातकालीन हेल्पलाइन स्थापित करने का भी प्रस्ताव रखा है, ताकि भविष्य में तत्पर प्रतिक्रिया सुनिश्चित की जा सके।