छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले के चारामा ब्लॉक के गांव जामबहार में 40 परिवार पेयजल संकट से जूझ रहे हैं। गांव के अधिकांश हैंडपंप और बोरवेल खराब हैं। जल जीवन मिशन के तहत बनी नल-जल योजना फरवरी माह से बंद पड़ी है। ग्रामीणों ने चंदा कर एक बोरवेल चालू किया है, लेकिन उससे सिर्फ 10 मिनट पानी मिलता है। महिलाओं और बच्चों को पानी के लिए दूसरे गांवों से लाना पड़ रहा है। कई बार शिकायत के बावजूद प्रशासन ने कोई कार्रवाई नहीं की है। ग्रामीणों ने तत्काल टैंकर से पानी देने, खराब हैंडपंपों की मरम्मत और नल-जल योजना दोबारा शुरू करने की मांग उठाई है। बुजुर्ग और बीमार लोग सबसे अधिक प्रभावित हैं। पेयजल संकट के कारण रोजमर्रा की जिंदगी चरमरा गई है। फिलहाल, प्रशासन का कोई अधिकारी इस मामले पर बयान देने को तैयार नहीं है। Source: Source Post navigation उत्तराखंड: तेज बारिश ने लिया झरने का भयानक रूप, सड़क निगलता नजर आया जल प्रपात, यमुनोत्री हाईवे पर फंसी गाड़ियाँ (देखें Video) सूरजपुर: 112 आपातकालीन सेवा बनी लोगों की सहारा – एक कॉल पर मिनटों में पुलिस मदद, दूरदराज के गांवों तक पहुंच रही त्वरित सहायता