छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले में आपातकालीन सेवा 112 लोगों के लिए जीवन रेखा बन गई है। सड़क दुर्घटनाओं, घरेलू विवादों, चोरी, मारपीट और आगजनी जैसी हर आपात स्थिति में एक कॉल पर पुलिस मिनटों में पहुंच रही है। अब पहले की तरह सूचना पहुंचने में देरी नहीं होती। यातायात प्रभारी बृज किशोर पांडे ने बताया कि हर शिकायत की नियमित निगरानी होती है। इससे पुलिस टीमें समय पर घटनास्थल पर पहुंचकर घायलों को अस्पताल पहुंचा सकती हैं और महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित कर सकती हैं। इस सेवा का असर अब दूरदराज के ग्रामीण इलाकों में भी साफ दिख रहा है। पहले जहां पुलिस सहायता पहुंचने में घंटों लग जाते थे, वहीं अब 112 के माध्यम से गांवों में भी तुरंत हेल्प मिल रही है। इससे लोगों में सुरक्षा की भावना बढ़ी है और पुलिस पर भरोसा मजबूत हुआ है। पुलिस विभाग ने जनता से अपील की है कि संकट के समय बिना किसी हिचकिचाहट के 112 पर कॉल करें। विभाग का कहना है कि जनता के सहयोग से यह सेवा और भी कारगर होगी। यह सेवा आपात स्थिति में नागरिकों की पहली पसंद बनकर उभरी है। Source: Source Post navigation कांकेर: जामबहार में जल संकट – 40 परिवारों को घंटों कतार में खड़ा रहना पड़ रहा, नल-जल योजना फरवरी से बंद, हैंडपंप खराब बलौदा बाजार: जनगणना 2027 का पहला चरण शांतिपूर्ण संपन्न – 738 गांवों और 8 नगरीय निकायों में हुआ घर-घर सर्वे, 2238 कर्मियों ने जुटाई जानकारी