सुप्रीम कोर्ट की संवैधानिक पीठ ने कहा है क धार्मिक स्वतंत्रता सार्वजनिक स्वास्थ्य और मानवीय गरिमा के अधीन है. कोर्ट ने यह टिप्पणी दाऊदी बोहरा समुदाय में प्रचलित FGM प्रथा की वैधता पर सुनवाई के दौरान की.