चंद्रनाथ रथ की हत्या ने बंगाल की सियासत में पुराने सवाल फिर खड़े कर दिए हैं. पिछले 13 साल में शुभेंदु अधिकारी अपने तीन करीबियों को खो चुके हैं. चुनाव के बाद भी जारी हिंसा सियासी रंजिश की गहराई दिखाती है.