छत्तीसगढ़ में यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) को लेकर गठित समिति की पहली बैठक 24 जुलाई को होगी। बैठक से पहले उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि UCC से आदिवासी समाज को किसी तरह की परेशानी नहीं होगी। अरुण साव ने बताया कि सरकार संविधान की भावना के अनुरूप प्रक्रिया को आगे बढ़ा रही है। UCC पर सुझाव लेने के लिए पूर्व सुप्रीम कोर्ट न्यायाधीश की अध्यक्षता में समिति बनाई गई है। समिति लोगों से राय लेकर सरकार को अपना प्रारूप सौंपेगी। उपमुख्यमंत्री ने कांग्रेस के आरोपों को खारिज किया है। उन्होंने कहा कि विपक्ष केवल भ्रम फैलाने का काम कर रहा है। सरकार कई बार स्पष्ट कर चुकी है कि आदिवासी हितों की रक्षा की जाएगी। UCC को लेकर राज्य में राजनीतिक बहस तेज हो गई है। समिति की बैठक के बाद आगे की प्रक्रिया तय की जाएगी। Source: Source Post navigation रोहतक में प्रदर्शन से पहले किसान नेता हाउस अरेस्ट, दिल्ली जाने से रोका; पुलिस कार्रवाई पर उठे सवाल भारत-अमेरिका ट्रेड डील के विरोध में दिल्ली में किसानों का प्रदर्शन, किसान घाट पहुंचे कई प्रदर्शनकारी हिरासत में