मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच एक नया घटनाक्रम सामने आया है। होर्मुज स्ट्रेट के विवाद के बाद यमन के हूती समूह ने बाब अल-मंदेब क्षेत्र को लेकर बड़ा ऐलान किया है। हूतियों ने सऊदी अरब के खिलाफ नौसैनिक नाकाबंदी की चेतावनी दी है। इस कदम से क्षेत्रीय संघर्ष के और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। बाब अल-मंदेब वैश्विक समुद्री व्यापार का एक महत्वपूर्ण मार्ग है। यहां किसी भी तरह की बाधा से अंतरराष्ट्रीय तेल आपूर्ति प्रभावित हो सकती है। विशेषज्ञ इसे ईरान और उसके विरोधियों के बीच बढ़ते तनाव की प्रतिक्रिया के रूप में देख रहे हैं। अमेरिका-ईरान टकराव के बीच यह घटनाक्रम नई चुनौती बनकर सामने आया है। कई देशों ने क्षेत्र की सुरक्षा स्थिति पर चिंता जताई है। ऊर्जा बाजारों में भी संभावित प्रभाव को लेकर निगाहें बनी हुई हैं। मध्य पूर्व में बढ़ती अस्थिरता से वैश्विक व्यापार पर असर पड़ने की आशंका है। आने वाले समय में इस विवाद पर अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रियाएं अहम रहेंगी। Source: Source Post navigation अफगानिस्तान के नूरिस्तान में बाढ़ का कहर, 10 लोगों की मौत; 100 से ज्यादा लापता बर्नहम की ‘महंगाई से राहत देने वाली सरकार’ पर चर्चा, जेलेंस्की ने सेना प्रमुख को हटाया