छत्तीसगढ़ के भिलाई में एक ब्लाइंड मर्डर केस को सुलझाने में दुर्ग पुलिस ने पहली बार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तकनीक का इस्तेमाल किया। पुलगांव क्षेत्र में हुई महिला की हत्या की जांच में पुलिस को शुरुआत में कई चुनौतियों का सामना करना पड़ा। घटनास्थल और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की तस्वीरें धुंधली थीं, जिससे संदिग्धों की पहचान नहीं हो पा रही थी। पुलिस ने एआई आधारित इमेज एन्हांसमेंट तकनीक की मदद से इन फुटेज को स्पष्ट किया। तस्वीरें साफ होने के बाद संदिग्धों की पहचान करना आसान हो गया। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस चार दिनों के भीतर दोनों आरोपियों तक पहुंच गई। जांच में सामने आया कि महिला की हत्या गला दबाकर और पत्थर से वार कर की गई थी। एआई तकनीक के इस्तेमाल ने जांच प्रक्रिया को तेज करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पुलिस ने इस सफलता को आधुनिक तकनीक के प्रभावी उपयोग का उदाहरण बताया। इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है। Source: Source Post navigation चंडीगढ़ में युवक की हत्या का आरोप, शव का वीडियो बनाकर भाई को भेजने के मामले में चार हिरासत में वॉट्सऐप पर इन खतरनाक फाइलों से रहें सावधान, फोन हैक होने का खतरा