IIT खड़गपुर के प्रोफेसर सूर्य के. पाल को प्रतिष्ठित ANRF J.C. बोस ग्रांट से सम्मानित किया गया है। यह सम्मान उन्नत विनिर्माण प्रणालियों के क्षेत्र में उनके महत्वपूर्ण योगदान को देखते हुए दिया गया है। इस अनुदान के माध्यम से वह कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित एक प्लेटफॉर्म पर शोध करेंगे। इस प्लेटफॉर्म का उद्देश्य रियल टाइम में वेल्ड की गुणवत्ता का आकलन करना है। शोध का लक्ष्य उद्योगों में स्मार्ट मैन्युफैक्चरिंग को और अधिक प्रभावी बनाना है। AI तकनीक की मदद से उत्पादन प्रक्रिया में खामियों की पहचान और सुधार किया जा सकेगा। यह परियोजना भविष्य की बुद्धिमान विनिर्माण तकनीकों को विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। प्रोफेसर पाल का शोध औद्योगिक प्रक्रियाओं को अधिक सुरक्षित और कुशल बनाने में मदद कर सकता है। इस पहल से दोषरहित उत्पादन प्रणाली विकसित करने की संभावनाएं बढ़ेंगी। J.C. बोस ग्रांट वैज्ञानिक अनुसंधान और नवाचार को प्रोत्साहित करने वाली प्रतिष्ठित सहायता योजनाओं में शामिल है। यह उपलब्धि उन्नत तकनीकी शोध के क्षेत्र में IIT खड़गपुर की भूमिका को भी दर्शाती है। Source: Source Post navigation IIT मद्रास के पूर्व छात्र कृष्ण चिवुकुला ने रचा इतिहास, 228 करोड़ के शेयर दान से संस्थान को मिला बड़ा लाभ छात्र सुरक्षा को लेकर स्कूलों पर बढ़ी जवाबदेही, भावनात्मक कल्याण और संकट प्रबंधन पर उठे सवाल