महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर में बहुचर्चित टीसीएस धर्मांतरण मामले को लेकर सियासत और प्रशासनिक कार्रवाई दोनों तेज हो गई हैं. मामले की मुख्य आरोपी निदा खान की गिरफ्तारी के बाद AIMIM पार्षद मतीन पटेल अपने घर में आसरा देने का आरोप लगा था, जिसके बाद नगर निगम ने पार्षद मतीन पटेल के ऑफिस और घर का निर्माण वैध ठहराते हुए नोटिस जारी किया था और 3 दिन बिक जाने के बाद अब नगर निगम का बुलडोजर एक्शन सुबह से ही शुरू हो गया. 🔗 Read original source — Aaj Tak [RAW] Post navigation चीन-US डिप्लोमेसी में फंसा पाकिस्तान, ईरान संकट पर ज़ोर Man Utd chiefs to recommend Carrick for permanent job