केरल उपभोक्ता आयोग ने एक मेट्रिमोनियल वेबसाइट को सेवा में कमी का दोषी माना है। वेबसाइट ने सदस्यता के दौरान उपभोक्ता को 100 संपर्क उपलब्ध कराने का वादा किया था। हालांकि, शिकायतकर्ता को केवल 51 संपर्क ही दिए गए। उपभोक्ता ने सेवा पूरी तरह नहीं मिलने को लेकर शिकायत दर्ज कराई थी। मामले में जिला उपभोक्ता आयोग ने पहले वेबसाइट के खिलाफ आदेश पारित किया था। बाद में कंपनी ने इस आदेश के खिलाफ अपील की। केरल राज्य उपभोक्ता आयोग ने मामले की सुनवाई के दौरान 51 संपर्क उपलब्ध कराए जाने की पुष्टि की। आयोग ने माना कि वादे के मुकाबले कम संपर्क देने से सेवा में कमी हुई। हालांकि, आयोग ने जिला आयोग द्वारा तय रिफंड की राशि में संशोधन किया। राज्य आयोग ने 15,000 रुपये वापस करने का आदेश दिया। कंपनी की अपील को आयोग ने खारिज कर दिया। सेवा में कमी संबंधी जिला आयोग के निष्कर्ष को बरकरार रखा गया। आयोग के फैसले में उपभोक्ता को वादे के अनुरूप सेवा देने की आवश्यकता पर जोर दिया गया। मामले में वेबसाइट को निर्धारित राशि शिकायतकर्ता को लौटानी होगी। Source: Source Post navigation पांच साल बाद वेतन की अतिरिक्त राशि वसूलना अवैध, छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने आदेश रद्द कर कर्मचारियों को राहत दी फतेहाबाद में बच्चे से कुकर्म के दोषी को प्राकृतिक जीवन तक उम्रकैद, 1.5 लाख रुपये जुर्माना