ऑपरेशन सिंदूर में राफेल लड़ाकू विमानों की काफी चर्चा हुई। हालांकि, उपलब्ध जानकारी के अनुसार सुखोई-30MKI ने भी अभियान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। सुखोई-30MKI को मिशन के लिए विभिन्न हथियारों से लैस किया गया था। इसमें सटीक हमलों के लिए दो रैंपेज एयर-लॉन्च बैलिस्टिक मिसाइलें शामिल थीं। हवा में संभावित खतरों से निपटने के लिए दो अस्त्र मिसाइलें भी बताई गई हैं। नजदीकी हवाई लड़ाई के लिए दो R-73 मिसाइलों का इस्तेमाल किया गया। अलग-अलग हथियारों ने विमान को विभिन्न प्रकार के मिशनों के लिए सक्षम बनाया। रैंपेज मिसाइलों को सटीक जमीनी हमलों के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है। अस्त्र मिसाइलें हवा से हवा में मार करने की क्षमता प्रदान करती हैं। R-73 मिसाइलें नजदीकी हवाई मुकाबले के लिए डिजाइन की गई हैं। इस हथियार संयोजन ने सुखोई-30MKI की बहुमुखी भूमिका को रेखांकित किया। ऑपरेशन में राफेल के साथ अन्य लड़ाकू विमानों की भूमिका भी महत्वपूर्ण रही। Source: Source Post navigation दिल्ली में घटिया एल्युमिनियम फॉयल पर BIS की छापेमारी, 2,350 रोल जब्त; कानूनी कार्रवाई की तैयारी ‘आलोचना मुझे और ऊंचाइयों तक पहुंचने के लिए प्रेरित करती है’: भारत U-15 कोच बिबियानो फर्नांडिस