इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय में पेपर लीक मामले में नया खुलासा हुआ है। पुलिस ने प्लांट पैथोलॉजी का प्रश्नपत्र भी लीक होने की पुष्टि की है। इससे पहले एंटोमोलॉजी का पेपर लीक होने का मामला सामने आया था। मामले में कार्रवाई के बाद पुलिस ने जांच का दायरा बढ़ाया। तेलीबांधा थाना पुलिस ने प्लांट पैथोलॉजी पेपर लीक को लेकर दूसरी एफआईआर दर्ज की है। पुलिस के अनुसार एक प्रोफेसर पर प्रश्नपत्र बेचने का आरोप है। आरोप है कि प्रोफेसर ने प्रश्नपत्र 10 हजार रुपये में बेचा था। पुलिस अब इस मामले में पेपर लीक की पूरी कड़ी की जांच कर रही है। प्रश्नपत्र किसे और कैसे उपलब्ध कराया गया, इसकी जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि लीक हुए पेपर से कितने लोग लाभान्वित हुए। विश्वविद्यालय में परीक्षा प्रक्रिया और उससे जुड़े लोगों की भूमिका भी जांच के दायरे में है। एंटोमोलॉजी पेपर लीक मामले के बाद सामने आए इस नए प्रकरण ने विश्वविद्यालय की परीक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं। मामले में आगे और खुलासे होने की संभावना है।

Source: Source