जोधपुर, राजस्थान की न्यायिक राजधानी, को फिनटेक का हॉटस्पॉट बनाना राज्य की महत्वाकांक्षा थी। 672 करोड़ रुपये के बजट से शुरू हुए इस परियोजना का मकसद युवा उद्यमियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की तकनीकी सुविधा प्रदान कर, रोजगार के नए आयाम खोलना था। लेकिन वित्तीय तंगी, कच्चे जमीन के दस्तावेज़ी अड़चनें और विलंबित अनुदान ने इस महत्त्वाकांक्षी योजना को ठप कर दिया। आज तक निर्माण कार्य आधा ही रह गया है, जबकि कई युवा स्टार्ट‑अप संस्थापक अपनी उम्मीदों के साथ निराशा झेल रहे हैं। आलोचक कहते हैं कि प्रदेश की आर्थिक दिशा में स्पष्टता न होने से ऐसे बड़े प्रोजेक्ट अक्सर बाधित होते हैं। राज्य सरकार को जल्द से जल्द बजट जारी कर, योजना को गति देना आवश्यक है, ताकि जोधपुर को फिनटेक मानचित्र पर उभरते हुए शहर के रूप में देखा जा सके।

By AIAdmin