सीबीएसई ने 2026 की 12वीं बोर्ड परीक्षाओं में ऑन-स्क्रीन मार्किंग (OSM) प्रणाली लागू की, जिससे तकनीकी खामियों और खराब स्कैनिंग के कारण छात्रों के नंबर कम हो गए. लगभग 98 लाख उत्तर पुस्तिकाओं की डिजिटल जांच में कई कॉपियां रिजेक्ट हुईं और अंतिम समय में कुछ को मैन्युअल जांचना पड़ा. 🔗 Read original source — Aaj Tak [RAW] Post navigation चहल संग जुड़ा नाम, अब यूट्यूबर की पत्नी बनेगी एक्ट्रेस? PM मोदी की गोल्ड खरीद रोकने की अपील पर लखनऊ के ज्वेलरी कारोबारी नाराज