NEET के जरिए MBBS या BDS में दाखिला लेने वाले छात्रों के लिए NRI कोटा एक महत्वपूर्ण विकल्प हो सकता है। यदि छात्र या उनके परिवार का कोई सदस्य विदेश में रहता है तो वे इस कोटे के लिए पात्र हो सकते हैं। हालांकि NRI कोटा का लाभ लेने के लिए निर्धारित नियमों और पात्रता शर्तों को पूरा करना जरूरी होता है। NRI कोटे के तहत प्रवेश केवल NEET-UG में योग्य होने के बाद ही दिया जाता है। निजी और डीम्ड मेडिकल कॉलेजों में NRI छात्रों के लिए कुछ सीटें आरक्षित होती हैं। आमतौर पर इन संस्थानों की 15 प्रतिशत सीटें NRI कोटे के अंतर्गत आती हैं। उम्मीदवारों को NRI स्टेटस और अन्य आवश्यक दस्तावेजों की पुष्टि करनी होती है। दाखिले की प्रक्रिया संबंधित मेडिकल कॉलेज और काउंसलिंग नियमों के अनुसार पूरी की जाती है। NRI कोटा उन छात्रों के लिए अवसर उपलब्ध कराता है जो विदेश से जुड़े पारिवारिक संबंध रखते हैं। छात्रों को आवेदन से पहले सभी पात्रता शर्तों की जांच करनी चाहिए। सही जानकारी और दस्तावेजों के साथ उम्मीदवार इस सुविधा का लाभ उठा सकते हैं।

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