भारत ने सिंधु जल संधि से जुड़े तथाकथित कोर्ट ऑफ आर्बिट्रेशन के फैसले को फिर खारिज कर दिया है. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि भारत इस अवैध रूप से गठित अदालत को कभी मान्यता नहीं देता और इसके सभी फैसले शून्य है. 🔗 Read original source — Aaj Tak [RAW] Post navigation क्या ट्रंप के प्लान B से बढ़ा ईरान से जंग का खतरा? देखें वॉर रूम ग्रेटर नोएडा के फर्नीचर मार्केट में आग का तांडव