अंबाला में डेंगू और मलेरिया की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग ने अभियान तेज कर दिया है। जून में शुरू हुआ यह अभियान नवंबर तक चलेगा। विभाग की टीमों ने अब तक जिले में 5,98,261 घरों की जांच की है। इस दौरान 3,840 घरों में मच्छरों का लारवा मिला, जिसके बाद 1,796 घरों को नोटिस जारी किए गए। टीमें कूलर, पानी की टंकियों, गमलों और अन्य स्थानों पर जमा पानी की जांच कर रही हैं। लोगों को साफ-सफाई रखने और पानी जमा नहीं होने देने के निर्देश दिए जा रहे हैं। जिला महामारी नियंत्रक डॉ. सुनील हरि के अनुसार, जिले में अब तक डेंगू के 9 और मलेरिया का 1 मामला सामने आया है। संदिग्ध मरीजों के सैंपल लेकर जांच की जा रही है। नगर निगम भी सभी वार्डों में रोजाना फॉगिंग करवा रहा है। डेंगू फैलाने वाला एडीज मच्छर घरों के आसपास जमा साफ पानी में भी पनप सकता है। कूलर, गमलों की प्लेट, खुली टंकियों, पुराने टायरों और बोतलों में पानी जमा होने से मच्छरों के प्रजनन का खतरा बढ़ता है। बचाव के लिए पानी रखने वाले बर्तनों को ढककर रखें और सप्ताह में कम से कम एक बार उन्हें खाली करके अंदर तक रगड़कर साफ करें। कूलर की सफाई, कबाड़ हटाने, नालियों को साफ रखने, पूरी बाजू के कपड़े पहनने और मच्छर भगाने वाली क्रीम का इस्तेमाल करने से भी बचाव में मदद मिल सकती है। केवल फॉगिंग पर निर्भर रहने के बजाय लारवा पनपने वाली जगहों को खत्म करना जरूरी है। बुखार, सिरदर्द, बदन दर्द या कमजोरी होने पर डॉक्टर से संपर्क कर जांच करवाएं। पेट में तेज दर्द, लगातार उल्टियां, खून आना, सांस लेने में परेशानी या अत्यधिक सुस्ती जैसे गंभीर लक्षण दिखने पर तुरंत अस्पताल जाएं। डेंगू का संदेह होने पर डॉक्टर की सलाह के बिना एस्पिरिन या आइबुप्रोफेन जैसी दवाएं न लें, क्योंकि इनसे रक्तस्राव का खतरा बढ़ सकता है। Source: Source Post navigation हरियाणा फैमिली ID में 3 बड़े बदलाव: मुखिया की सहमति के बिना नहीं जुड़ेगा नया सदस्य, SMS से मिलेगी जानकारी; AI से आय का आकलन हिसार की राजगुरु मार्केट में दुकानदारों का प्रदर्शन, 4 फुट के बरामदे देने की मांग; सोमवार तक का अल्टीमेटम