एनजीटी ने हरियाणा सरकार को कारण बताओ नोटिस जारी किया है, जिसमें पूछा गया है कि क्यों नहीं प्रदूषण फैलाने वाले आरएमसी प्लांटों पर लगाए गए जुर्माने की राशि का भुगतान किया जाए. हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने आरएमसी प्लांटों पर 40.61 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया है, लेकिन अब तक केवल 1.22 करोड़ रुपये की ही रिकवरी हो पाई है. एनजीटी ने कहा है कि सरकार को खुद यह राशि चुकाने का निर्देश दिया जा सकता है. इस मामले में अगली सुनवाई 29 जुलाई को होगी. एनजीटी ने कहा है कि पर्यावरण मुआवजे की राशि का भुगतान समय पर नहीं हो पा रहा है, क्योंकि सरकारी एजेंसियां निष्क्रिय हैं. एनजीटी ने हरियाणा सरकार से जवाब मांगा है कि क्यों नहीं जुर्माने की राशि का भुगतान किया जाए. सरकार को अपनी रिपोर्ट के साथ कोर्ट में जवाबदेह होना पड़ेगा. Source: Source Post navigation स्वामी ब्रह्मानंद की शिक्षाएं मानवता के लिए पावर ग्रिड कंपनी के खिलाफ ग्रामीणों का रोष