राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने जयपुर स्थित प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में मीडिया से बातचीत के दौरान केंद्र सरकार और चुनाव आयोग को लेकर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग अब पूरी तरह निष्पक्ष नहीं रह गया है और उस पर केंद्र सरकार का प्रभाव दिखाई देता है। गहलोत ने दावा किया कि लोकतांत्रिक संस्थाओं पर दबाव बढ़ रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि न्यायपालिका पर भी अप्रत्यक्ष दबाव की स्थिति बन रही है। उनके अनुसार देश में संवैधानिक संस्थाओं की स्वतंत्रता को लेकर चिंता बढ़ी है। गहलोत ने केंद्र सरकार की नीतियों पर सवाल उठाते हुए लोकतंत्र की मजबूती पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि सभी संस्थाओं को स्वतंत्र रूप से काम करना चाहिए। इस दौरान उन्होंने विपक्ष की भूमिका को भी महत्वपूर्ण बताया। उनके बयान के बाद राजनीतिक हलकों में बहस तेज हो गई है। भाजपा की ओर से अभी इस पर प्रतिक्रिया नहीं आई है। मामला अब सियासी चर्चा का विषय बन गया है। Source: Source Post navigation हावड़ा: TMC नेताओं का अंडरगारमेंट्स में पुलिस स्टंट, सिर मुंडवाकर हथकड़ी लगाई, वीडियो वायरल, सियासी घमासान हरियाणा में पब्लिक हेल्थ डिपार्टमेंट की छुट्टियां रद्द:पेयजल को लेकर सरकार का फैसला; लापरवाही पर 2 SDO, 2 JE सस्पेंड, 2 चार्जशीट