राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने 66 हस्तियों को पद्म पुरस्कार से सम्मानित किया है। छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा और अबूझमाड़ जैसे दूर-दराज और नक्सल प्रभावित इलाकों में वर्षों से चिकित्सा सेवा दे रहे डॉक्टर दंपती डॉ. रामचंद्र त्रयम्बक गोडबोले और डॉ. सुनीता गोडबोले को पद्मश्री सम्मान मिला है। वे 1 लाख से ज्यादा मरीजों का फ्री में इलाज कर चुके हैं। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने उनकी प्रशंसा की है। डॉक्टर दंपती ने आदिवासी और ग्रामीण इलाकों में लोगों का इलाज कर मानव सेवा का काम किया है। वे MAAS योजना के तहत बच्चों को कुपोषण और एनीमिया से बचाने का काम कर रहे हैं। दूर-दराज के गांवों में मेडिकल कैंप लगाते हैं और लगातार फॉलो-अप करते हैं। डॉ. गोडबोले का कहना है कि मेरे सामने बैठा हर आदिवासी मेरे लिए भगवान है। Source: Source Post navigation राजधानी में पानी संकट उगांडा और कोंगो से जुड़ी उड़ानों के लिए DGCA ने जारी किया एबोला तैयारी दिशानिर्देश