तमिलनाडु विधानसभा ने केंद्र सरकार से शिक्षकों के TET नियमों में राहत देने की मांग की है। विधानसभा ने सर्वसम्मति से अगस्त 2010 से पहले नियुक्त शिक्षकों को TET से छूट देने का प्रस्ताव पारित किया। इस छूट का उद्देश्य लंबे समय से सेवा दे रहे शिक्षकों की नौकरी की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। प्रस्ताव में शिक्षकों के कल्याण और सेवा हितों की रक्षा पर जोर दिया गया है। विधानसभा ने स्थायी राहत के लिए शिक्षा का अधिकार अधिनियम में संशोधन की मांग की है। प्रस्ताव के मुताबिक पुराने शिक्षकों को पदोन्नति के लिए TET की अनिवार्यता से राहत मिलनी चाहिए। तमिलनाडु में करीब 3,28,701 शिक्षक इस नियम से प्रभावित बताए जा रहे हैं। इन शिक्षकों के लिए TET की शर्त पदोन्नति प्रक्रिया में बाधा बन रही है। विधानसभा ने केंद्र से इस मुद्दे पर जल्द सकारात्मक निर्णय लेने का आग्रह किया है। सरकार का तर्क है कि लंबे समय से सेवा दे रहे शिक्षकों के हितों की रक्षा जरूरी है। प्रस्ताव के जरिए शिक्षकों को स्थायी छूट देने की मांग उठाई गई है। अब इस मांग पर केंद्र सरकार के फैसले का इंतजार है। Source: Source Post navigation IIT छोड़कर अरबों की कंपनियां खड़ी करने वाले पूर्व छात्र अब संस्थानों को दे रहे करोड़ों का दान पंजाब यूनिवर्सिटी छात्र चुनाव: आज नाम वापसी के बाद जारी होगी अंतिम उम्मीदवार सूची, 31 अगस्त को मतदान