दुर्ग जिले के भिलाई में जमीन की खरीदी-बिक्री के नाम पर 24 लाख 28 हजार रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। आरोपियों ने दूसरे की जमीन को अपनी बताकर 1200 वर्गफीट का प्लॉट बेचने का सौदा किया और शिकायतकर्ता से अलग-अलग किस्तों में लाखों रुपये ले लिए, बाद में पता चला कि जिस जमीन की रजिस्ट्री कराई गई थी, वह किसी दूसरी महिला की है। रकम वापस करने के लिए दिए गए तीन चेक भी बैंक खाते में पर्याप्त राशि नहीं होने के कारण बाउंस हो गए। मामले में सुपेला पुलिस ने दो आरोपियों अवतार सिंह और मनोज कुमार सोनी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। एएसपी सिटी शोभराज अग्रवाल ने बताया कि कोहका हाउसिंग बोर्ड निवासी मोहन लाल देवांगन ने 7 अप्रैल 2025 को पुलिस अधीक्षक दुर्ग के समक्ष शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें बताया कि वर्ष 2016 में मकान बनाने के लिए जमीन खरीदने के दौरान उनकी मुलाकात अवतार सिंह से हुई थी, जिसने मौजा कोहका स्थित खसरा नंबर 1704/88 में 1200 वर्गफीट का प्लॉट दिखाया और 30 सितंबर 2016 को शिकायतकर्ता के नाम रजिस्ट्री कराई तथा जमीन खरीदने और मकान निर्माण के नाम पर अलग-अलग किस्तों में कुल 23 लाख 28 हजार रुपये लिए। कुछ समय बाद पता चला कि जमीन माया सिंह नाम की महिला की है, जिसके बाद आरोपियों ने 22 सितंबर 2018 को इकरारनामा कर 24 लाख 28 हजार रुपये लौटाने का वादा किया और तीन चेक दिए, जो खाते में पर्याप्त राशि न होने के कारण बाउंस हो गए। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया कि आरोपियों ने 16 मार्च 2021 को मौजा कोहका की खसरा नंबर 1704/2 स्थित 1200 वर्गफीट जमीन की रजिस्ट्री चिरंजीवन कोनार नाम के व्यक्ति के पक्ष में फर्जी तरीके से करा दी। जांच के बाद चौकी स्मृतिनगर, थाना सुपेला में अपराध क्रमांक 1635/2026 के तहत धारा 420, 120बी और 34 भादवि में अपराध दर्ज किया गया और पुलिस अब मामले में शामिल अन्य आरोपियों की भूमिका तथा जमीन से जुड़े दस्तावेजों व रजिस्ट्री की वैधानिकता की जांच कर रही है। Source: Source Post navigation IIT (ISM) छात्र की हॉस्टल की आठवीं मंजिल से गिरकर मौत, पुलिस को आत्महत्या का शक; जांच में जुटी टीम समस्तीपुर में 4 लाख रुपये की जमीन सौदे के विवाद में किसान की चाकू मारकर हत्या, इलाके में तनाव