यमुनानगर से रविवार को एक बेहद भावुक करने वाली तस्वीर सामने आई है। एक वृद्ध पिता को खाट पर लिटाकर उनकी बेटियां न्याय की उम्मीद में मंत्री से मिलने पहुंचीं। परिवार अपनी फरियाद लेकर आया था, लेकिन उन्हें बिना किसी समाधान के मायूस होकर लौटना पड़ा। यह दृश्य वहां मौजूद हर व्यक्ति को झकझोर गया। न्याय के लिए दर-दर भटक रहे इस परिवार का दर्द प्रशासन की असंवेदनशीलता को उजागर करता है। बेटियों की आंखों में अपने पिता के लिए इंसाफ की आस साफ झलक रही थी। इस घटना के बाद से स्थानीय स्तर पर काफी चर्चा हो रही है कि आखिर क्यों एक पीड़ित परिवार को मंत्री तक पहुंचने के लिए इतनी जद्दोजहद करनी पड़ी। लोग अब सोशल मीडिया पर भी इस परिवार की स्थिति को लेकर अपनी चिंता व्यक्त कर रहे हैं। हालांकि, मंत्री की ओर से या प्रशासन की तरफ से अभी तक इस मामले में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। परिवार की बदहाली और प्रशासनिक अनदेखी का यह मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। न्याय पाने के लिए पिता को खाट पर ढोकर ले जाने को मजबूर होना सरकारी तंत्र की विफलता को दर्शाता है। उम्मीद की जा रही है कि प्रशासन जल्द ही मामले का संज्ञान लेगा और परिवार की सहायता करेगा। Source: Source Post navigation स्वदेशी गगन प्रणाली से भारत में पहली बार सैटेलाइट-निर्देशित जेट विमान की सफल लैंडिंग