समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने राम मंदिर दान में कथित चोरी के मामले में चल रही एसआईटी जांच पर गंभीर सवाल उठाए हैं। अखिलेश यादव ने इसे राजनीतिक रंग देते हुए इसे दिल्ली और लखनऊ के गुटों के बीच की सत्ता की खींचतान करार दिया है। उनका कहना है कि इस मामले की जांच पारदर्शी नहीं है और इसके पीछे गहरे राजनीतिक निहितार्थ छिपे हैं। सपा प्रमुख ने आरोप लगाया कि सत्ता में बैठे लोग अपनी नाकामियों को छिपाने के लिए ऐसी जांच का सहारा ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि दान जैसे पवित्र विषय में भी भ्रष्टाचार की खबरें चिंताजनक हैं और जनता सब देख रही है। अखिलेश के इस बयान के बाद राज्य की राजनीति में एक बार फिर गरमाहट आ गई है। सत्ताधारी दल और विपक्ष के बीच इस मुद्दे पर तीखी बहस छिड़ने के आसार हैं। उन्होंने मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच हो ताकि सच्चाई जनता के सामने आ सके। इस बयान ने राम मंदिर से जुड़े मामलों में चल रहे विवादों को एक नई दिशा दे दी है। Source: Source Post navigation पंजाब कांग्रेस में गहराया अंदरूनी कलह: शक्ति प्रदर्शन के बाद चन्नी खेमे का दिल्ली कूच, पार्टी में बढ़ी खटपट नकटी गांव विवाद: बीजेपी का कांग्रेस पर बड़ा पलटवार, केदार कश्यप बोले- पहले अपने गिरेबान में झांकें