सावन का महीना शुरू होते ही शिव मंदिरों में भक्तों की भीड़ बढ़ने लगती है। इस पवित्र महीने में भगवान शिव की पूजा और अभिषेक का विशेष महत्व माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार सावन में शिवलिंग पर जल और कच्चे दूध से अभिषेक करना शुभ होता है। पूजा के दौरान सबसे पहले शिवलिंग पर जल अर्पित किया जाता है। इसके बाद कच्चे दूध से भगवान भोलेनाथ का अभिषेक करने की परंपरा है। भक्त इसके बाद बेलपत्र, फूल और अन्य पूजन सामग्री अर्पित करते हैं। माना जाता है कि श्रद्धा और विधि-विधान से की गई शिव पूजा से भगवान शिव प्रसन्न होते हैं। सावन में सुबह के समय मंदिर जाकर पूजा करने का विशेष महत्व बताया गया है। इस दौरान शिव मंत्रों का जाप और व्रत रखने की परंपरा भी प्रचलित है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार सावन में शिव आराधना करने से मनोकामनाओं की पूर्ति होती है। Source: Source Post navigation हर साल 3.8 सेंटीमीटर दूर जा रहा है चांद, भविष्य में धरती पर होंगे ये बड़े बदलाव