20 मई को, दवा व्यापारी ई-फार्मेसी के विरोध में दवा शॉप्स बंद होने का आयुष्मान जीकरण समीकरण संगठन के अभियान पर हड़ताल देंगे। इसके मकानों में बच्चों, वयस्क और उपलब्धि सौदेमालिया आदि की मरीज़ों की चिंता है। इनके पास जानवरीय, अस्पताली और रॉयल्टी फ्री ड्रग माध्यम से दवा खरीदने की गोपनीयता पर निर्भर है। ई-फार्मेसी के उपस्थिति में यह विश्वास खो जाएगा। इनकी ट्रेनिंग और संसाधनों पर भी आल इंडिया के चुनौतियों की तुलना में बहुत ही अच्छी शुरुआत है। 🔗 Read original source — Nai Dunia Raipur Post navigation पेट्रोल-डीजल पर लगाई लिमिट! अब कुछ वाहनों को मिलेंगे केवल इतने लीटर फ्यूल छत्तीसगढ़ में राशन वितरण की तारीख बढ़ी: अब 15 मई तक मिलेगा तीन महीने का खाद्यान्न