चंडीगढ़ में रिश्वत मामले में सस्पेंड डीआईजी हरचरण सिंह भुल्लर और उनके परिवार की मुश्किलें बढ़ गई हैं। सीबीआई की विशेष अदालत ने आदेश दिया है कि जांच पूरी होने तक भुल्लर से जुड़े सभी बैंक खाते फ्रीज रहेंगे। सीबीआई की रोजाना सुनवाई की याचिका को अदालत ने पहले ही खारिज कर दिया है। सह-आरोपी कृष्णु शारदा के खिलाफ अब ईडी ने भी जांच शुरू कर दी है। भुल्लर के चंडीगढ़ घर समेत 11 ठिकानों पर पहले ही रेड की जा चुकी है। ईडी जल्द ही पंजाब के कई आईएएस और आईपीएस अधिकारियों को पूछताछ के लिए नोटिस भेज सकती है। अदालत ने सीबीआई की प्रारंभिक जांच (पीई) से संबंधित अर्जी को मंजूर कर लिया है, जिससे आगे की कार्रवाई का रास्ता साफ हो गया है। जांच एजेंसी को नए और अहम सबूत मिले हैं, जिनसे कई आईएएस-आईपीएस अधिकारियों की भूमिका सामने आई है। भुल्लर से पूछताछ में 14 अधिकारियों (10 आईपीएस और 4 आईएएस) के नाम सामने आए, जो पटियाला के एक प्रॉपर्टी डीलर के जरिए प्रॉपर्टी में निवेश करते थे। इनमें से 8 आईपीएस अभी भी फील्ड में अहम पदों पर तैनात हैं। सीबीआई ने प्रॉपर्टी डीलर के ठिकानों से दस्तावेज भी जब्त किए हैं। बिचौलिए कृष्णु शारदा के मोबाइल से करीब 50 अफसरों के लिंक मिले हैं, जिनमें केसों की जांच प्रभावित करना, ट्रांसफर-पोस्टिंग, आर्म्स लाइसेंस और एफआईआर दर्ज या रद्द कराना शामिल है। फिलहाल, अदालत ने भुल्लर और शारदा की संज्ञान याचिका भी खारिज कर दी है। अब आने वाले दिनों में कई बड़े अधिकारियों से पूछताछ हो सकती है। Source: Source Post navigation हरियाणा: नायब सरकार की मेहरबानी, चेयरमैन-वाइस चेयरमैन को अब 75 हज़ार मानदेय, साथ में गाड़ी और ड्राइवर समेत कई सुविधाएं हरियाणा में परिवार पहचान पत्र पोर्टल पर नई सुविधा: ADC अब सीधे SMS भेजकर देंगे मीटिंग की जानकारी