उल्हासनगर में मानसून की तैयारियों की पोल एक देर रात हुए निरीक्षण के दौरान खुल गई। महापौर अश्विनी निकम ने शहर के विभिन्न इलाकों का दौरा कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण में कई गंभीर खामियां सामने आईं। जगह-जगह कचरे के बड़े ढेर जमा पाए गए। कई नालों में गंदा और ठहरा हुआ पानी भरा हुआ था। जल निकासी व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक नजर आई। कई निर्माण कार्य अधूरे पड़े मिले, जिससे बारिश के दौरान परेशानी बढ़ने की आशंका है। महापौर ने संबंधित अधिकारियों से जवाब तलब किया। उन्होंने शहर को मानसून के लिए पूरी तरह तैयार करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान सफाई और रखरखाव कार्यों में लापरवाही भी सामने आई। प्रशासन को जल्द से जल्द सुधारात्मक कदम उठाने को कहा गया। इस कार्रवाई का उद्देश्य बारिश के मौसम में नागरिकों को होने वाली समस्याओं को रोकना है। शहर में सफाई और बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने पर जोर दिया गया है। Source: Source Post navigation पलवल में श्रीकृष्ण-अर्जुन रथ प्रतिमा का लोकार्पण, 1.33 करोड़ की लागत से हुआ सौंदर्यीकरण रायपुर में पानी का संकट: रखरखाव कार्य के चलते आज शाम 42 इलाकों में जलापूर्ति ठप