राजकोट नगर निगम (RMC) में जंगलेश्वर ड्राइव के दौरान हुए भोजन खर्च को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। इस आयोजन के लिए लगभग 27 लाख रुपये का बिल पेश किया गया है, जिसे लेकर निगम में बहस तेज हो गई है। आरएमसी के नए पॉलिटिकल बोर्ड ने इस भारी-भरकम बिल के भुगतान को फिलहाल लंबित (pending) कर दिया है। बोर्ड का मानना है कि इतनी बड़ी राशि का बिल संदेह के घेरे में है और इसकी विस्तृत जांच की जानी चाहिए। इस मामले ने निगम के भीतर विपक्षी दलों को सरकार पर हमला बोलने का मौका दे दिया है। अधिकारियों से यह सवाल किया जा रहा है कि आखिर किस आधार पर इतना बड़ा खर्च किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए अब खर्चों के ऑडिट की मांग उठने लगी है। आरएमसी प्रशासन इस विवाद को सुलझाने के लिए फाइलों की समीक्षा कर रहा है। यह घटना निगम के वित्तीय प्रबंधन और पारदर्शिता पर सवाल उठा रही है। आने वाले दिनों में इस पर कोई बड़ा प्रशासनिक निर्णय लिया जा सकता है। बिल के सत्यापन के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। Source: Source Post navigation परिसीमन से बदल सकती है राजस्थान की राजनीतिक तस्वीर: लोकसभा में मिल सकती हैं 13 नई सीटें बिहार: अजय राय ने मृतक भरत भूषण के परिजनों से की मुलाकात, मौत की निष्पक्ष जांच की मांग