अमेरिकी अधिकारियों ने आज चीन-समर्थित हैकर शू ज़ेवेई को भारत से लेकर संयुक्त राज्य में प्रत्यर्पित कर दिया। वॉशिंगटन के अनुसार, शू को एक सरकारी-संबंधी अनामिक समूह में भाग लेने का आरोप है, जिसने हजारों अमेरिकी कंपनियों, विश्वविद्यालयों और सरकारी संस्थानों में घुसपैठ की। इस समूह ने COVID‑19 से जुड़ी महत्त्वपूर्ण शोध और डेटा चोरी किया, जिससे वैज्ञानिक प्रगति और राष्ट्रीय सुरक्षा को नुकसान हुआ। न्यायालय ने शू के खिलाफ साइबर जासूसी, डेटा चोरी और आर्थिक घुसपैठ के कई गंभीर आरोप लगाए हैं। अब उनका मुकदमा अमेरिकी न्याय प्रणाली में चलेगा, जो अंतरराष्ट्रीय साइबर अपराधों के खिलाफ कठोर सजा का संकेत देगा। Post navigation भयावह गर्मी में भटकता चीतल, कुत्तों के हमले से घायल; वन विभाग ने बचाया, फिर जंगल में छोड़ा आर्सेनल को उम्मीद है कि हैवर्ट्ज़ टाइटल रैन‑इन में खेलेंगे