असम सरकार ने चुनावी अवधि के दौरान रुकी हुई कल्याणकारी योजनाओं को फिर से शुरू करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। सरकार ने इन योजनाओं के लिए करीब 6,000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। चुनावी कारणों से कई योजनाओं की गति प्रभावित हुई थी। अब प्रशासन ने जनकल्याण से जुड़ी पहलों को दोबारा आगे बढ़ाने की तैयारी की है। इन योजनाओं का उद्देश्य राज्य के विभिन्न वर्गों तक सरकारी सहायता पहुंचाना है। सरकार ने संबंधित विभागों को योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। बजट प्रावधान के जरिए विकास और सामाजिक कल्याण कार्यक्रमों को मजबूती देने की कोशिश की जा रही है। योजनाओं के दोबारा शुरू होने से लाभार्थियों को राहत मिलने की उम्मीद है। राज्य सरकार ने जनहित से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता देने की बात कही है। यह कदम चुनाव के बाद प्रशासनिक गतिविधियों को तेज करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। Source: Source Post navigation असम में हरित ऊर्जा पर बड़ा दांव, 77,000 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश की योजना छत्तीसगढ़ में 15 अगस्त तक पूरी होगी शिक्षकों की पदोन्नति प्रक्रिया, DPI ने जिलों को दिए सख्त निर्देश