ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारतीय वायुसेना ने 7 मई को पाकिस्तान में हवाई कार्रवाई की थी। इस मिशन में सुखोई-30 एमकेआई लड़ाकू विमानों ने भी हिस्सा लिया। एक पायलट के अनुसार मिशन के दौरान करीब 22 मिनट की महत्वपूर्ण विंडो उपलब्ध रही। इस दौरान पाकिस्तानी वायुसेना की प्रतिक्रिया अपेक्षाकृत धीमी बताई गई। इस समय का इस्तेमाल भारतीय विमानों ने अपने निर्धारित मिशन को पूरा करने में किया। भारतीय जेट पाकिस्तानी क्षेत्र में प्रवेश कर हमले के बाद सुरक्षित वापस लौटे। पायलट के मुताबिक मिशन के दौरान समय और परिस्थितियों का आकलन महत्वपूर्ण रहा। भारतीय विमानों ने उपलब्ध समय में कार्रवाई पूरी की। इसके बाद वे सुरक्षित रूप से अपने क्षेत्र में लौट आए। यह घटनाक्रम ऑपरेशन सिंदूर के दौरान वायुसेना की कार्रवाई से जुड़ी जानकारी सामने लाता है। पायलट के बयान से उस मिशन में मिले परिचालन अवसर का भी पता चलता है। 7 मई की कार्रवाई भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़े सैन्य तनाव के दौरान हुई थी। Source: Source Post navigation छत्तीसगढ़ में कैंसर रिसर्च की बड़ी उपलब्धि, खास हाइड्रोजेल से त्वचा कैंसर की दवा का असर बढ़ाने में सफलता