अमेरिका में कई किसान करोड़ों डॉलर के AI डेटा सेंटर प्रस्तावों को ठुकरा रहे हैं। इसके विपरीत मिसौरी के एक किसान ने डेटा सेंटर डेवलपर्स को अपनी जमीन खरीदने के लिए आमंत्रित किया है। स्थानीय स्तर पर डेटा सेंटर परियोजनाओं का विरोध भी देखने को मिल रहा है। हाल में राज्य में इन परियोजनाओं से जुड़े कुछ प्रतिबंध भी लगाए गए हैं। किसान का मानना है कि डेटा सेंटर ग्रामीण अर्थव्यवस्था को फिर से मजबूत कर सकते हैं। उनके अनुसार ऐसी परियोजनाओं से स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे। इससे ग्रामीण इलाकों में टैक्स से होने वाली आय भी बढ़ सकती है। किसान ने डेटा सेंटरों की वजह से पानी की खपत को लेकर उठने वाली चिंताओं को स्वीकार किया है। उन्होंने बिजली की बढ़ती लागत को भी एक महत्वपूर्ण मुद्दा माना है। इसके बावजूद वह अपनी जमीन को संभावित विकास के अवसर के रूप में देख रहे हैं। उनका कहना है कि कमजोर स्थानीय आर्थिक संभावनाओं के बीच यह निवेश नई उम्मीद ला सकता है। यह रुख अमेरिका में AI डेटा सेंटरों को लेकर जारी बहस से अलग नजर आता है। Source: Source Post navigation CFOs का AI और ऑटोमेशन पर बढ़ता भरोसा, कारोबार की ग्रोथ को लेकर उम्मीदें मजबूत: सर्वे बेंगलुरु के पास Krones ने खोला 315 करोड़ रुपये का बॉटलिंग मशीनरी प्लांट